सीएम हेल्पलाइन के आवेदनों का समय-सीमा में निराकरण करें :- कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा
समय-सीमा की बैठक में कलेक्टर ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश, जनकल्याणकारी योजनाओं के संतृप्तिकरण पर भी जोर

बालोद। कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा ने जिले के सभी विभागीय अधिकारियों को सीएम हेल्पलाइन 1076 के माध्यम से प्राप्त आवेदनों का विशेष प्राथमिकता के साथ निर्धारित समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि नागरिकों की शिकायतों का समयबद्ध और संतोषजनक निराकरण प्रशासन की प्राथमिकता है। कलेक्टर सोमवार को संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित साप्ताहिक समय-सीमा की बैठक में विभागवार कार्यों की समीक्षा कर रही थीं।

बैठक में कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन के माध्यम से विभागवार प्राप्त आवेदनों और उनके निराकरण के लिए की जा रही कार्रवाई की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आवेदनों के निराकरण के बाद संबंधित आवेदकों से दूरभाष के माध्यम से संपर्क कर यह भी सुनिश्चित करें कि उन्हें की गई कार्रवाई की जानकारी प्राप्त हुई है। उन्होंने विशेष रूप से एल-1 स्तर पर ही आवेदकों से फीडबैक लेने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन 1076 को छत्तीसगढ़ शासन की नागरिक-केंद्रित शिकायत प्रणाली बताते हुए कहा कि इसके माध्यम से नागरिक सरल तरीके से अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं तथा शिकायतों के समयबद्ध और पारदर्शी निराकरण की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने अधिकारियों को शिकायतों के निराकरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने के निर्देश दिए।

‘सुघ्घर छत्तीसगढ़’ अभियान की भी हुई समीक्षा
बैठक में कलेक्टर ने जिले में संचालित ‘सुघ्घर छत्तीसगढ़’ अभियान की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अभियान के अंतर्गत शामिल 31 जनकल्याणकारी योजनाओं के संतृप्तिकरण के लिए की जा रही कार्रवाई की जानकारी संबंधित अधिकारियों से ली। उन्होंने राशन कार्ड, आयुष्मान कार्ड और जॉब कार्ड बनाने सहित अन्य योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने के कार्य को विशेष प्राथमिकता से पूरा करने के निर्देश दिए।

सड़कों पर घूमने वाले मवेशियों की समस्या पर सख्ती
कलेक्टर ने राष्ट्रीय राजमार्ग के अनुविभागीय अधिकारी, मुख्य नगर पालिका अधिकारियों और संबंधित विभागों से सड़कों पर विचरण करने वाले घुमंतू मवेशियों की समस्या के निराकरण के लिए की जा रही कार्रवाई की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए आवश्यक उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके लिए राजस्व अनुविभागीय अधिकारियों और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों की शीघ्र बैठक आयोजित करने की बात भी कही।
केंद्रीय विद्यालय और ओएनजीसी के लिए शीघ्र कार्रवाई
कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी से जिले में केंद्रीय विद्यालय के संचालन के लिए की जा रही कार्रवाई की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इस दिशा में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही ओएनजीसी के लिए स्थान आवंटन की प्रक्रिया की भी समीक्षा करते हुए इसे शीघ्र पूरा करने को कहा।
जिला अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट की नियुक्ति पर जोर
स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने जिला चिकित्सालय बालोद में रेडियोलॉजिस्ट की नियुक्ति के लिए की जा रही कार्रवाई की जानकारी ली। उन्होंने नियुक्ति की प्रक्रिया को विशेष प्राथमिकता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गुरूर के पोस्टमार्टम भवन की व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के लिए किए जा रहे कार्यों की भी जानकारी लेते हुए आवश्यक कार्य शीघ्र पूरा कराने को कहा।
हाईकोर्ट के प्रकरणों का समय पर निराकरण
कलेक्टर ने सभी विभाग प्रमुखों से छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट से संबंधित लंबित प्रकरणों के निराकरण की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि न्यायालयीन प्रकरणों में समय-सीमा का विशेष ध्यान रखते हुए आवश्यक कार्रवाई निर्धारित अवधि में पूरी की जाए।
स्वामित्व योजना और टीकाकरण की समीक्षा
बैठक में जिले में स्वामित्व योजना की प्रगति की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को योजना से जुड़े कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए।
स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए 14 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुकी बालिकाओं के टीकाकरण की जानकारी ली। उन्होंने जिले की शत-प्रतिशत पात्र बालिकाओं का अनिवार्य रूप से टीकाकरण सुनिश्चित करने के निर्देश स्वास्थ्य अधिकारियों को दिए।
टीबी मुक्त भारत अभियान में तेजी लाने के निर्देश
कलेक्टर ने टीबी मुक्त भारत अभियान की प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को सघन अभियान चलाकर निर्धारित लक्ष्य को पूरा करने तथा अधिक से अधिक लोगों तक अभियान का लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए।
इसके अलावा ‘आदि कर्मयोगी अभियान’ के अंतर्गत जिले के चयनित ग्रामों में आदि सेवा केंद्रों के माध्यम से जनसुनवाई शिविरों के आयोजन की जानकारी सहायक आयुक्त आदिवासी विकास से ली गई। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को योजनाओं और सेवाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने के लिए प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
बैठक में अपर कलेक्टर चंद्रकांत कौशिक, अजय किशोर लकरा एवं नूतन कंवर सहित राजस्व अनुविभागीय अधिकारी तथा जिले के विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।




