4 घंटे की मूसलाधार बारिश ने खोली नगर पालिका की तैयारियों की पोल, बालोद शहर हुआ जलमग्न, बस स्टैंड से सदर लाइन तक दुकानों में घुसा पानी

बालोद :– पिछले 48 घंटों से रुक-रुककर हो रही बारिश ने बुधवार को अचानक विकराल रूप धारण कर लिया। करीब 4 घंटे तक लगातार हुई मूसलाधार बारिश ने पूरे बालोद जिले को पानी-पानी कर दिया।

खेत-खलिहान लबालब भर गए हैं, वहीं छोटी नदियां और नाले उफान पर बहने लगे हैं। मौसम विभाग ने भी आगामी 24 घंटों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है, जिससे लोगों में चिंता बढ़ गई है।
बारिश का सबसे अधिक असर बालोद नगर में देखने को मिला, जहां जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण कई क्षेत्रों में जलभराव की गंभीर स्थिति बन गई।

मुख्य बस स्टैंड में नालियां जाम होने से बारिश का पानी सड़कों पर भर गया और धीरे-धीरे दुकानों के भीतर तक पहुंच गया। हालात ऐसे बने कि दुकानदारों को अपने प्रतिष्ठानों से बाल्टियों और मोटर पंपों की मदद से पानी बाहर निकालना पड़ा।
शहर के मध्य स्थित सदर लाइन क्षेत्र का भी यही हाल रहा। सड़कों पर पानी भरने से राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कई स्थानों पर लोगों को घुटनों तक पानी में होकर गुजरना पड़ा।
लगातार हो रही बारिश ने नगर पालिका की मानसून पूर्व तैयारियों और नालों की सफाई व्यवस्था की वास्तविकता उजागर कर दी है। हर वर्ष बारिश से पहले बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, लेकिन पहली तेज बारिश में ही जल निकासी व्यवस्था पूरी तरह चरमराती नजर आई। शहरवासियों का कहना है कि यदि समय रहते नालियों की नियमित सफाई और जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त की जाती, तो ऐसी स्थिति उत्पन्न नहीं होती।
वहीं बस स्टैंड परिसर में जलभराव का असर बसों की आवाजाही पर भी देखने को मिला। कई बसों को धीमी गति से गुजरना पड़ा, जबकि यात्रियों को पानी के बीच आवागमन करने के लिए मजबूर होना पड़ा।
मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में भी जिले में अतिभारी वर्षा की संभावना जताते हुए रेड अलर्ट जारी किया है। प्रशासन ने लोगों से नदी-नालों के आसपास नहीं जाने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
फिलहाल, जिले में बारिश ने किसानों के चेहरों पर खुशी जरूर लाई है, लेकिन शहरों में जलभराव और बदहाल जल निकासी व्यवस्था ने नगर पालिका की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।




