नक्सल मोर्चे पर अदम्य शौर्य को राष्ट्रपति का सलाम: बालोद SDOP विनय कुमार साहू को दो राष्ट्रपति वीरता पदक (PMG)

बालोद। स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर बालोद जिले के पुलिस विभाग के लिए गौरव का क्षण सामने आया है। जिले में पुलिस अनुविभागीय अधिकारी (SDOP) के पद पर पदस्थ उप पुलिस अधीक्षक विनय कुमार साहू को उनके अदम्य साहस, वीरता और नक्सल विरोधी अभियानों में असाधारण शौर्य के लिए राष्ट्रपति वीरता पदक (Police Medal for Gallantry—PMG) से सम्मानित किया गया है।

उप पुलिस अधीक्षक विनय कुमार साहू को यह सम्मान जिला नारायणपुर में DySP DRG एवं नक्सल अभियान के रूप में पदस्थ रहने के दौरान किए गए साहसिक नक्सल विरोधी अभियानों में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए प्रदान किया गया है। खास बात यह है कि इस वर्ष उन्हें दो अलग-अलग नक्सल अभियानों में प्रदर्शित वीरता के लिए दो राष्ट्रपति वीरता पदक (PMG) प्रदान किए गए हैं।

विनय कुमार साहू वर्ष 2022 से 2025 तक जिला नारायणपुर में उप पुलिस अधीक्षक DRG एवं नक्सल अभियान के पद पर पदस्थ रहे। इस दौरान उन्होंने चुनौतीपूर्ण एवं जोखिमपूर्ण नक्सल विरोधी अभियानों में सुरक्षा बलों के साथ अग्रिम मोर्चे पर रहकर महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और अदम्य साहस का परिचय दिया।
नक्सल प्रभावित क्षेत्र में अभियान चलाना बेहद चुनौतीपूर्ण माना जाता है। विषम भौगोलिक परिस्थितियों, जंगलों और लगातार बने सुरक्षा जोखिमों के बीच पुलिस एवं सुरक्षा बलों द्वारा चलाए जाने वाले अभियानों में साहस, रणनीतिक सूझबूझ और नेतृत्व क्षमता की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। इन्हीं अभियानों में विनय कुमार साहू के शौर्य और कर्तव्यनिष्ठा को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है।
राष्ट्रपति वीरता पदक प्राप्त करना किसी भी पुलिस अधिकारी के लिए अत्यंत गौरव और सम्मान की बात है। एक ही वर्ष में दो अलग-अलग नक्सल अभियानों के लिए दो PMG प्राप्त करना उनके साहसिक पुलिस सेवा जीवन की विशिष्ट उपलब्धि मानी जा रही है।
वर्तमान में बालोद जिले में SDOP के रूप में सेवाएं दे रहे विनय कुमार साहू की इस उपलब्धि से जिले के पुलिस महकमे में हर्ष और गौरव का माहौल है। स्वतंत्रता दिवस के अवसर से ठीक पहले मिला यह सम्मान बालोद पुलिस ही नहीं, बल्कि पूरे जिले के लिए गौरव का विषय बन गया है।
नक्सल मोर्चे के रणबांकुरे से बालोद के पुलिस अधिकारी तक—विनय कुमार साहू की वीरता को राष्ट्रपति सम्मान मिलने से बालोद जिले का नाम भी गौरवान्वित हुआ है।




