श्रवण सारथी फाउंडेशन, एवं विश्व हिन्दू परिषद बजरंग दल, जिला बालोद के संयुक्त तत्वाधान में विश्व नेत्रदान संकल्प दिवस के अवसर पर संजीवनी हॉस्पिटल, में नेत्रदान शिविर कार्यक्रम का हुआ आयोजन ,लगभग 24 लोगो ने नेत्रदान हेतु लिया संकल्प

बालोद :- विश्व नेत्रदान दिवस पर संजीवनी हॉस्पिटल बालोद में विश्व हिन्दू परिषद एवं बजरंगदल जिला बालोद द्वारा नेत्र दान शिविर का आयोजन किया गया जो कि यह सराहनीय कदम है।
आज इस शिविर में 24 लोगो ने नेत्रदान का लिया संकल्प पत्र भरा गया जिससे में जनमानस में एक नया सन्देश दिया गया।
आने वाले समय मे इसे वृहद रूप से किया जायेगा जिससे समाज मे जिनका नेत्र अंधपन है उसे दूर किया जा सके।

इस कार्यक्रम में विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल जिला संयोजक उमेश सेन , मोनू सोनवानी सतीश विश्वकर्मा, राजसोनी ने नेत्र दान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया

नेत्रदान एक अत्यंत महत्वपूर्ण कार्य है जो अंधे लोगों को दृष्टि प्रदान कर सकता है। मृत्यु के बाद किसी व्यक्ति की आंखें दान करके, दो व्यक्तियों को दृष्टि मिल सकती है। यह एक महान दान है जो लोगों को नया जीवन और आशा प्रदान करता है.
नेत्रदान के कुछ मुख्य पहलू इस प्रकार हैं:
दृष्टि की बहाली:नेत्रदान, खासकर कॉर्नियल अंधापन से पीड़ित लोगों को दृष्टि बहाल करने में मदद करता है। कॉर्निया आंख का वह हिस्सा है जो प्रकाश को फोकस करने और हमें देखने में मदद करता है। यदि कॉर्निया खराब हो जाए, तो दृष्टि धुंधली या खो जाती है.।
दो लोगों को लाभ:- एक दान की गई आंख से दो लोगों को लाभ हो सकता है। एक व्यक्ति को कॉर्निया प्रत्यारोपण के लिए आंख का कॉर्निया दान किया जा सकता है, और दूसरे व्यक्ति को आंखों की अन्य समस्याओं के लिए.
अंधेपन को दूर करना:- नेत्रदान कॉर्नियल अंधापन से पीड़ित लोगों के लिए एक आशाजनक उपाय है। यह उन्हें अपने जीवन में वापस आने और सामान्य जीवन जीने में मदद कर सकता है.
समाज में योगदान:- नेत्रदान एक नेक कार्य है जो समाज में एक सकारात्मक बदलाव ला सकता है। यह लोगों को दान और करुणा के मूल्यों को बढ़ावा देने में भी मदद करता है. जीवन का अर्थ:है।
*डॉक्टर शिखर गुप्ता जी ने बताया नेत्रदान का बताया महत्व*

दूसरों की मदद करना और उन्हें एक बेहतर जीवन देना। यह एक ऐसा कार्य है जो मृत्यु के बाद भी सार्थक बना रहता है.
अंगदान के प्रति जागरूकता:
नेत्रदान, अंगदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने में भी मदद करता है। यह लोगों को यह समझने में मदद करता है कि मृत्यु के बाद भी अंगदान के माध्यम से दूसरों की मदद की जा सकती है.
नेत्रदान एक ऐसी प्रक्रिया है जो लोगों को दृष्टि प्रदान करने और उनके जीवन को बेहतर बनाने में मदद करती है। यह एक महान दान है जो समाज में एक सकारात्मक बदलाव ला सकता है.

फाउंडेशन के सचिव भास्कर साहू ने बताया, की आगे भी सभी सेवा प्रकल्प द्वारा अन्य प्रकार के कार्यक्रम होते रहेंगे.अधिक से अधिक लोगो को फाउंडेशन का सदस्य बनने का आग्रह भी किया. और जिन्होंने संकल्प पत्र भरा उनके प्रति आभार व्यक्त किया.
बजरंग दल जिला संयोजन उमेश कुमार सेन के मार्गदर्शन में*
विश्व नेत्रदान दिवस पर
विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल के दायित्व लोगो ने किया अपने नेत्रों का दान
मुख्य रूप से *राज सोनी विश्व हिंदू परिषद जिला मंत्री*
*सतीश विश्वकर्मा विश्व हिंदू परिषद जिला सहमंत्री*
*महेंद्र सोनवानी मोनू विश्व हिंदू परिषद बालोद जिला बालोद*
*सोना साहू मातृशक्ति बालोद जिला बालोद*
*उमेश कुमार सेन बजरंग दल बालोद जिला संयोजन*
*प्रदीप मिनपाल बजरंग दल बालोद नगर संयोजक*
भास्कर साहू, दिव्यांशु कुमार, सीमा सेन, दीपिका दुबे दिलीप कौशिक का विशष सहयोग मिला.




