साइबर जागृति अभियान में 1,025 छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को किया जागरूक

बालोद पुलिस ने स्कूलों में चलाया जागरूकता अभियान, ऑनलाइन ठगी से बचाव के बताए तरीके; साइबर फ्रॉड होने पर तत्काल 1930 पर शिकायत की अपील
बालोद, 18 अगस्त 2026। छत्तीसगढ़ पुलिस के प्रदेशव्यापी “साइबर जागृति अभियान” के तहत जिला बालोद पुलिस द्वारा जिले के विभिन्न स्कूलों में साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। पुलिस अधीक्षक श्री किरण गंगाराम चव्हाण (भा.पु.से.) के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री चन्द्रकांत गवर्ना के मार्गदर्शन में आयोजित इन कार्यक्रमों में कुल 1,025 छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों को साइबर अपराधों से बचाव और सुरक्षित डिजिटल व्यवहार की जानकारी दी गई।
अभियान का उद्देश्य विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं आम नागरिकों को इंटरनेट, सोशल मीडिया, ऑनलाइन लेन-देन और डिजिटल माध्यमों के सुरक्षित उपयोग के प्रति जागरूक करना है। पुलिस टीमों ने विद्यार्थियों को साइबर अपराध के बदलते तरीकों की जानकारी देते हुए सतर्कता बरतने की समझाइश दी।
छह स्कूलों में आयोजित हुए जागरूकता कार्यक्रम
18 अगस्त को साइबर जागृति अभियान के तहत जिले के विभिन्न थाना एवं चौकी क्षेत्रों में कार्यक्रम आयोजित किए गए। साइबर सेल बालोद द्वारा स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय, दुधली में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसके अलावा थाना राजहरा क्षेत्र के स्वामी आत्मानंद स्कूल, थाना गुंडरदेही क्षेत्र के शहीद कौशल यादव विद्यालय, थाना अर्जुंदा क्षेत्र के प्रियदर्शनी विद्यालय, थाना देवरी क्षेत्र के जेवरतला हाई स्कूल तथा चौकी हल्दी क्षेत्र के हाई स्कूल भाटापारा में भी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया।
OTP, PIN और बैंकिंग जानकारी साझा नहीं करने की समझाइश
कार्यक्रमों में पुलिस अधिकारियों ने ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, संदिग्ध लिंक एवं मैसेज, सोशल मीडिया के माध्यम से होने वाली धोखाधड़ी सहित विभिन्न प्रकार के साइबर अपराधों से बचने के उपाय बताए। विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को स्पष्ट रूप से समझाया गया कि OTP, PIN, CVV, पासवर्ड और बैंक खाते से संबंधित गोपनीय जानकारी किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ साझा नहीं करनी चाहिए।
पुलिस ने बताया कि साइबर ठग अलग-अलग तरीकों से लोगों को झांसे में लेकर उनकी गोपनीय जानकारी हासिल करने का प्रयास करते हैं। ऐसे में किसी भी अनजान कॉल, मैसेज, लिंक या ऑनलाइन ऑफर पर भरोसा करने से पहले उसकी सत्यता की जांच करना बेहद जरूरी है।
सोशल मीडिया इस्तेमाल में सावधानी बरतने की अपील
विद्यार्थियों को अनजान एवं संदिग्ध लिंक पर क्लिक नहीं करने, अनधिकृत या संदिग्ध मोबाइल एप डाउनलोड नहीं करने तथा सोशल मीडिया अकाउंट को सुरक्षित रखने की जानकारी दी गई। साथ ही मजबूत पासवर्ड का उपयोग करने और सोशल मीडिया पर व्यक्तिगत जानकारी साझा करते समय सावधानी बरतने की समझाइश दी गई।
ठगी होते ही 1930 पर करें शिकायत
पुलिस ने साइबर ठगी का शिकार होने की स्थिति में घबराने के बजाय बिना देरी किए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की अपील की। साथ ही संबंधित पुलिस थाना को तत्काल सूचना देने के लिए भी प्रेरित किया गया, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
QR कोड के जरिए जागरूकता का संदेश
अभियान के दौरान शिक्षकों एवं विद्यार्थियों को साइबर जागरूकता अभियान में सक्रिय सहभागिता के लिए प्रेरित किया गया। शिक्षकों ने QR कोड स्कैन कर जागरूकता सेल्फी लेकर सोशल मीडिया पर साझा की, जिससे साइबर सुरक्षा का संदेश अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाया जा सके।
बालोद पुलिस की अपील
जिला बालोद पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि इंटरनेट, सोशल मीडिया एवं ऑनलाइन बैंकिंग का उपयोग हमेशा सावधानी और जिम्मेदारी के साथ करें। अपनी गोपनीय जानकारी किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा न करें, संदिग्ध लिंक एवं मैसेज से बचें और किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।




